सोचा था सोशल मीडिया पर अपना प्रोफाइल चमकाना आसान होगा? लेकिन ब्लू टिक और फॉलोअर बढ़ाने के नाम पर हो रही ठगी ने कई लोगों के लिए ये सपना काला कर दिया है। गाजियाबाद पुलिस ने हाल ही में इस बढ़ते हुए साइबर अपराध पर अपने एडवाइजरी जारी किए हैं ताकि लोग सतर्क रहें और इन जालसाजों के चक्कर में न आएं। अगर आपको भी सोशल मीडिया पर पहचान बढ़ानी है, तो यह जानकारी आपके लिए बहुत जरूरी है।
ब्लू टिक और फॉलोअर बढ़ाने की ठगी कैसे होती है?
सोशल मीडिया की लोकप्रियता के कारण आजकल बहुत से लोग अपने प्रोफाइल पर ब्लू टिक यानी वेरिफिकेशन प्राप्त करना चाहते हैं और फॉलोअर्स बढ़ाकर अपनी पहुँच भी। जालसाज इस इच्छा का फायदा उठाते हैं। आम तौर पर ये ठग निम्न तरीके अपनाते हैं:
- फर्जी वेबसाइट या एप के जरिये वादा करना कि ब्लू टिक दिया जाएगा।
- सोशल मीडिया अकाउंट के लिए पैसे लेकर फॉलोअर्स बढ़ाने का दावा।
- व्यक्तिगत जानकारी और बैंक विवरण मांगना, जिसका गलत इस्तेमाल किया जाता है।
गाजियाबाद पुलिस की एडवाइजरी: क्या कहा गया है?
गाजियाबाद पुलिस ने सोशल मीडिया यूजर्स को सतर्क करने के लिए निम्न बातें बताई हैं:
- किसी भी अज्ञात व्यक्ति या संस्था को अपनी व्यक्तिगत या बैंक जानकारी न दें।
- सिर्फ आधिकारिक स्रोतों से ही ब्लू टिक या फॉलोअर वृद्धि से जुड़ी सेवाएं प्राप्त करें।
- ऐसे ऑफर्स जो आम से अधिक आकर्षक लगते हैं, उनसे सावधान रहें।
- अगर आप धोखाधड़ी के शिकार हुए हैं तो तुरंत पुलिस को सूचित करें।
साइबर सुरक्षा के लिए अन्य सुझाव
- दो-चरणीय प्रमाणीकरण चालू रखें।
- अपने पासवर्ड नियमित रूप से बदलते रहें।
- किसी भी अजीब लिंक पर क्लिक न करें।
सोशल मीडिया जागरूकता: आपकी भूमिका क्या है?
सोशल मीडिया में सफलता पाने का कोई शॉर्टकट नहीं है। फॉलोअर्स बढ़ाने के नाम पर छल-कपट करने वाले कई हैं। ऐसे में आपकी जागरूकता और सतर्कता ही आपको और आपके दोस्तों को बचा सकती है। इसलिए:
- अपने दोस्तों और परिवार के साथ पुलिस की एडवाइजरी साझा करें।
- सोशल मीडिया पर किसी भी अनजान ऑफर को जल्दबाजी में स्वीकार न करें।
- अपनी पहचान बनाने के लिए सच्चे तरीके अपनाएं, जैसे गुणवत्तापूर्ण कंटेंट बनाना।
निष्कर्ष: सुरक्षित रहें, स्मार्ट बनें
ब्लू टिक और फॉलोअर बढ़ाने के नाम पर ठगों से बचना अब जरूरी हो गया है। गाजियाबाद पुलिस ने जो एडवाइजरी जारी की है, उसे ध्यान से पढ़ें और सोशल मीडिया पर अपनी पहचान बनाने की राह में सतर्क रहें। डाउनलोड न करें कोई संदिग्ध एप, न दें अपनी निजी जानकारी, और हमेशा सोच समझकर ही कोई कदम उठाएं।
आपका क्या अनुभव है इस ठगी के बारे में? क्या आपने कभी ऐसी किसी ऑफर का सामना किया है? नीचे कमेंट करके अपनी राय जरुर साझा करें। और हां, ऐसी सुरक्षा टॉपिक्स की सबसे ताज़ा जानकारी के लिए हमारे न्यूज़लेटर को सब्सक्राइब करना न भूलें!

