कभी आपने अपना मोबाइल बजते हुए ट्रैफिक चालान का मैसेज सोचा कि ये असली है या फिर ये कोई धोखा तो नहीं? ऐसे में आपको ये जानना जरूरी है कि दिल्ली पुलिस साइबर सेल ने हाल ही में ट्रैफिक चालान के नाम पर बढ़ रहे साइबर फ्रॉड को लेकर एक जरूरी अलर्ट जारी किया है। ये फ्रॉड न केवल आपकी जेब को भारी कर सकता है, बल्कि आपकी पर्सनल डिटेल्स को भी जोखिम में डाल सकता है।
ट्रैफिक चालान फ्रॉड क्या है?
अक्सर लोग अपने फोन पर ऐसे मैसेज या कॉल्स प्राप्त करते हैं जिनमें ट्रैफिक चालान के नाम पर जुर्माना भरने को कहा जाता है। लेकिन ये मैसेज या कॉल असली पुलिस या ट्रैफिक विभाग से नहीं होते। इसके पीछे जालसाज आपकी बैंक या व्यक्तिगत जानकारी हासिल करने की कोशिश करते हैं।
दिल्ली पुलिस साइबर सेल का अलर्ट
दिल्ली पुलिस साइबर सेल ने आम जनता को सचेत करते हुए कहा है कि अगर आपको ट्रैफिक चालान का कोई संदिग्ध लिंक या मैसेज मिला है, तो उस पर क्लिक न करें। यहाँ कुछ मुख्य निर्देश हैं जो उन्होंने दिए हैं:
- कभी भी संदिग्ध लिंक पर क्लिक न करें: ये लिंक आपके डिवाइस में मैलवेयर या वायरस डाल सकते हैं।
- अपनी व्यक्तिगत जानकारी साझा न करें: अगर कोई अनजान व्यक्ति आपके बैंक डिटेल्स, आधार नंबर या OTP मांग रहा है, तो उसे बिल्कुल न दें।
- सरकारी पोर्टल से चालान चेक करें: हमेशा ऑफिसियल ट्रैफिक विभाग की वेबसाइट या मोबाइल ऐप के जरिए चालान की जानकारी जांचें।
- संदिग्ध संदेशों की रिपोर्ट करें: पुलिस को ऐसे मैसेज या कॉल्स की रिपोर्ट करना सुनिश्चित करें ताकि ये फ्रॉडर्स पर कार्रवाई हो सके।
साइबर फ्रॉडर्स कैसे करते हैं काम?
आइए समझें कि ये ठग आपकी ठगी कैसे करते हैं:
- फिशिंग लिंक भेजना: आपको चालान नोटिस के नाम पर एक लिंक भेजा जाता है जो दिखने में एक ऑफिसियल वेबसाइट जैसा लगता है।
- जानकारी मांगना: इस लिंक पर जाकर आपसे बैंक डिटेल्स, OTP या अन्य पर्सनल जानकारियां मांगी जाती हैं।
- धोखाधड़ी: जैसे ही आप जानकारी देते हैं, फ्रॉडर्स उस जानकारी का गलत इस्तेमाल कर आपके अकाउंट से पैसे निकाल लेते हैं या आपकी पहचान से छेड़छाड़ करते हैं।
ट्रैफिक चालान फ्रॉड से बचने के आसान उपाय
अगर आप नहीं चाहते कि आप या आपका परिवार इस तरह के साइबर फ्रॉड का शिकार बने, तो इन सरल उपायों को अपनाएं:
- शांत रहें और जांचें: किसी भी अनजान संदेश या कॉल पर तुरन्त भरोसा न करें।
- सरकारी वेबसाइट पर ही जाएं: चालान चेक करने के लिए केवल प्रतिष्ठित, आधिकारिक साइट का इस्तेमाल करें।
- बैंक डिटेल्स कभी न दें: फोन या मैसेज के जरिए अपनी कोई भी बैंक संबंधित जानकारी न शेयर करें।
- अपने उपकरण सुरक्षित रखें: मोबाइल और कंप्यूटर में एंटीवायरस अपडेट रखें और अनजान स्रोतों से फाइल्स डाउनलोड न करें।
- संदिग्ध कनेक्शन्स को ब्लॉक करें: ऐसे नंबर या अकाउंट जो बार-बार संदिग्ध मैसेज भेजते हैं, उन्हें ब्लॉक कर दें।
क्या करना चाहिए अगर आप फ्रॉड का शिकार हो गए?
अगर आपकी जानकारी चोरी हो गई या आपसे पैसे निकल गए, तो तुरंत:
- अपने बैंक को तुरंत सूचित करें ताकि वे आपके अकाउंट को सुरक्षित कर सकें।
- निकटतम साइबर सेल या पुलिस स्टेशन में रिपोर्ट दर्ज कराएं।
- अपने मोबाइल में जो संदिग्ध ऐप्स या लिंक थे, उन्हें हटाएं।
- अपने डिवाइस का पासवर्ड और अन्य लॉगिन जानकारी बदलें।
आपकी सुरक्षा, आपकी जिम्मेदारी
ट्रैफिक चालान के नाम पर चल रहे ये साइबर फ्रॉड्स बहुत ही चालाकी से काम करते हैं। लेकिन सतर्कता और सही जानकारी से आप खुद को और अपने परिवार को इनसे बचा सकते हैं। तो अगली बार अगर आपको कोई ट्रैफिक चालान का संदिग्ध संदेश मिले, तुरंत रोकें, जांचें और आगे बढ़ें।
तो आपको ये जानकारी कैसी लगी? क्या आपने कभी ऐसे किसी फ्रॉड का सामना किया है? नीचे कमेंट्स में जरूर शेयर करें और दूसरों को भी जागरूक करें। याद रखें, सुरक्षा साझा प्रयास है!

